देहरादून: उत्तराखंड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से.नि.) ने आज राजभवन (लोक भवन) परिसर में ट्यूलिप बल्बों का रोपण कर आगामी वसंतोत्सव की तैयारियों का औपचारिक शुभारंभ किया। इस अवसर पर उनके साथ प्रदेश की प्रथम महिला श्रीमती गुरमीत कौर भी उपस्थित रहीं।
4000 बल्ब और 19 नई प्रजातियां
इस वर्ष राजभवन के उद्यान को भव्य रूप देने के लिए ट्यूलिप की कुल 19 विभिन्न प्रजातियों और रंगों के 4000 बल्ब रोपित किए जा रहे हैं। इनमें फूलों के खिलने के समय के आधार पर तीन श्रेणियां अर्ली (Early) जो वसंत के शुरुआती दिनों में खिलेंगे। मिड (Mid) जो मध्य सीजन में पुष्पावस्था में आएंगे। लेट (Late) जो वसंतोत्सव के अंतिम दिनों तक अपनी छटा बिखेरेंगे।
ब्लैक और पर्पल ट्यूलिप होंगे मुख्य आकर्षण
राजभवन प्रशासन के अनुसार, आगामी वसंतोत्सव के दौरान ट्यूलिप के विशेष रंग जैसे ब्लैक (काला), नारंगी और पर्पल (बैंगनी) पर्यटकों और प्रकृति प्रेमियों के लिए आकर्षण का मुख्य केंद्र रहेंगे। ये फूल वसंत के आगमन के साथ पूरी तरह पुष्पावस्था में आ जाएंगे।
राज्यपाल ने बताया कि प्रदेश में ट्यूलिप के उत्पादन को लेकर शुरुआती परिणाम अत्यंत उत्साहवर्धक रहे हैं। पहली बार प्रयोगात्मक रूप से राजभवन में केवल दो प्रजातियों के 200 बल्ब लगाए गए थे। उस छोटे से प्रयोग की सफलता के बाद अब हर साल नई प्रजातियों और अधिक संख्या में बल्ब रोपित किए जा रहे हैं, जिससे उत्तराखंड में फ्लोरीकल्चर (फूलों की खेती) को नई दिशा मिल रही है।
रोपण कार्यक्रम के दौरान वित्त नियंत्रक डॉ. तृप्ति श्रीवास्तव और उद्यान अधिकारी दीपक पुरोहित भी मौजूद रहे। उद्यान अधिकारी ने बताया कि ट्यूलिप के कंदों (बल्ब्स) की देखभाल के लिए वैज्ञानिक पद्धतियों का उपयोग किया जा रहा है ताकि वसंतोत्सव के समय राजभवन का कोना-कोना इन विदेशी फूलों से गुलजार हो सके।
