नियमित योग करने से कई फायदे शरीर और दिमाग दोनों को ही होते हैं. योगाभ्यास से आप ढेरों शारीरिक समस्याओं से दूर रह सकते हैं. इससे मांसपेशियों और हड्डियों को मजबूती मिलती है. जोड़ों की समस्या से बचे रहते हैं. मानसिक शांति का अहसास होता है. शारीरिक एक्टिविटी को भी बढ़ावा देता है. एक योगासन है चक्रासन, जिसे करने से आपको ये तमाम फायदे हो सकते हैं. चक्रासन को ‘व्हील पोज’ या ‘उर्ध्व धनुरासन’ भी कहा जाता है. इसे करने के लिए शरीर को पहिए के आकार में मोड़ना पड़ता है. इस योग को करके रीढ़, कमर, आंखों समेत पूरे शरीर को लाभ मिलता है. जानते हैंचक्रासन के अन्य फायदे|
चक्रासन के अन्य फायदे- -भारत सरकार के ग्रामीण विकास मंत्रालय के अनुसार, चक्रासन से कमर-रीढ़ की समस्याएं दूर होती हैं. आंखों की रोशनी बढ़ती है. कब्ज से राहत मिलती है. तनाव-चिंता कम होती है| -‘चक्र’ का मतलब पहिया और ‘आसन’ का अर्थ मुद्रा. इस आसन में शरीर को पीछे की ओर मोड़कर पहिए जैसा आकार दिया जाता है. यह पीठ, हाथ, पैर और पेट की मांसपेशियों को मजबूत करता है. शरीर के लचीलेपन और मुद्रा में सुधार करता ह|
चक्रासन रीढ़ को लचीला बनाता है. कमर दर्द से राहत दिलाता है. यह आंखों की मांसपेशियों को मजबूत कर रोशनी बढ़ाने में मदद करता है| -पाचन से जुड़ी समस्याओं को दूर करता है. मानसिक तनाव, चिंता कम कर शांति पुहंचाता है. मांसपेशियों को मजबूत कर शरीर की सक्रियता बढ़ाता है| चक्रासन करने की सही विधि: पहले पीठ के बल जमीन पर लेट जाएं. अपने पैरों को घुटनों से मोड़ें. पैरों को कूल्हों के पास लाएं. दोनों हाथों को सिर के पास ले जाएं. हथेलियां जमीन पर और उंगलियां कंधों की ओर हों. अब सांस लेते हुए हथेलियों और पैरों पर जोर देकर शरीर को ऊपर उठाएं. सिर को आराम से पीछे की ओर लटकाएं. 10 से 20 सेकंड तक इस मुद्रा में रहें. सामान्य रूप से सांस लेते रहें. इसके बाद धीरे-धीरे स्थिति में वापस आ जाएं|
