देहरादून। मुख्यमंत्री धामी ने शासकीय आवास पर संस्कृत शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक के दौरान अधिकारियों को आगामी कुंभ के दृष्टिगत हरिद्वार में संस्कृत के क्षेत्र में किए जाने वाले कार्यों की व्यापक कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि संस्कृत को जन-जन तक पहुंचाने के लिए योजनाबद्ध एवं प्रभावी प्रयास किए जाएं।
मुख्यमंत्री धामी ने आदर्श संस्कृत ग्रामों में वर्षभर नियमित रूप से संस्कृत संभाषण और संस्कृत आधारित गतिविधियों का आयोजन सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने बच्चों को संस्कृत भाषा के साथ-साथ वेद, उपनिषद, पुराण एवं अन्य महत्वपूर्ण संस्कृत ग्रंथों की जानकारी सरल, सहज एवं रुचिकर माध्यम से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने चारधाम सहित हर की पैड़ी, जागेश्वर धाम, आदि कैलाश, पूर्णागिरि, सुरकंडा देवी, धारी देवी, गर्जिया देवी मंदिर और वीरभद्र ऋषिकेश जैसे प्रमुख धार्मिक एवं आध्यात्मिक स्थलों पर संस्कृत के प्रचार-प्रसार के लिए प्रभावी पहल करने को कहा। मुख्यमंत्री ने संस्कृत की समृद्ध परंपरा को धार्मिक, सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक पर्यटन से जोड़ते हुए व्यापक स्तर पर इसके संरक्षण और संवर्धन पर जोर दिया।

