शिमला: जुब्बल में मंदिर की जमीन को लेकर विवाद, देवता की संपत्ति पर लगाए 300 पौधों को उखाड़ने का आरोप

शिमला, 15 फ़रवरी । जिला शिमला के जुब्बल थाना क्षेत्र में मंदिर भूमि को लेकर हुए विवाद में पुलिस ने एक व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज किया है। शिकायत के अनुसार राजस्व विभाग की सीमांकन रिपोर्ट में जिस जमीन को देवता की संपत्ति बताया गया था, उसी भूमि पर लगाए गए पौधों को कथित तौर पर नुकसान पहुंचाया गया।

मामले की पृष्ठभूमि के अनुसार 20 फरवरी 2024 को किए गए औपचारिक राजस्व सीमांकन में खसरा नंबर 27 और 43 की जमीन को देवता नागेश्वर मंदिर की संपत्ति माना गया था। इसके बाद मंदिर समिति ने इस भूमि पर लगभग 300 नाशपाती और मोहल के पौधे लगाए थे ताकि जमीन की देखरेख और संरक्षण किया जा सके।

मंदिर के मोह्तमिम राय लाल मेहता और मंदिर समिति की ओर से दी गई लिखित शिकायत में आरोप लगाया गया है कि रतन सिंह ने जानबूझकर इन पौधों को उखाड़कर नष्ट कर दिया। शिकायत में यह भी कहा गया है कि ऐसा जमीन पर कब्जा करने के इरादे से किया गया।

पुलिस के अनुसार शिकायत मिलने के बाद मामले की जांच शुरू कर दी गई है और राजस्व विभाग की सीमांकन रिपोर्ट को भी जांच रिकॉर्ड में शामिल कर लिया गया है, जिससे आगे की कानूनी कार्रवाई की जा सके। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

इस संबंध में थाना जुब्बल में प्राथमिकी दर्ज की गई है। प्राथमिकी भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 329(3) और 324(4) के तहत दर्ज की गई है।