चमोली। उत्तराखंड के चमोली जिले के नारायणबगड़ विकासखंड से स्वास्थ्य विभाग के लिए बेहद दुखद खबर सामने आई है। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) नारायणबगड़ के प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. नवीन डिमरी की शनिवार को एक दर्दनाक हादसे में मौत हो गई। घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग, स्थानीय प्रशासन और पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार शनिवार को डॉ. नवीन डिमरी अस्पताल परिसर के समीप स्थित आवासीय भवन के पीछे क्षतिग्रस्त सुरक्षा दीवार का निरीक्षण कर रहे थे। इसी दौरान अचानक जर्जर दीवार भरभराकर गिर गई और वह उसकी चपेट में आ गए। हादसे में डॉ. डिमरी गंभीर रूप से घायल हो गए।
घटना के तुरंत बाद अस्पताल के कर्मचारियों ने उन्हें मलबे से बाहर निकालकर प्राथमिक उपचार दिया। उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए चिकित्सकों ने 108 एंबुलेंस की सहायता से उन्हें हायर सेंटर रेफर किया, लेकिन उपचार के लिए ले जाते समय रास्ते में ही उन्होंने अंतिम सांस ली।
डॉ. नवीन डिमरी लंबे समय से पीएचसी नारायणबगड़ में प्रभारी चिकित्साधिकारी के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे थे। अपने सरल स्वभाव, मिलनसार व्यक्तित्व और मरीजों के प्रति समर्पित कार्यशैली के कारण वे क्षेत्र के लोगों के बीच बेहद लोकप्रिय थे। उन्होंने सीमित संसाधनों के बावजूद ग्रामीण क्षेत्र में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए निरंतर कार्य किया और हर जरूरतमंद मरीज की सहायता के लिए हमेशा तत्पर रहते थे।
स्थानीय लोगों ने बताया कि डॉ. डिमरी ने हर परिस्थिति में लोगों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने का प्रयास किया। यही कारण था कि क्षेत्र की जनता उन्हें अत्यंत सम्मान और स्नेह की दृष्टि से देखती थी। उनके निधन की सूचना मिलते ही क्षेत्र में शोक का माहौल छा गया।
स्थानीय युवक संजय कंडारी, भाजपा नेता कमलेश सती तथा जिला पंचायत सदस्य एवं भाजपा नेता सुरेंद्र कनेरी सहित अनेक जनप्रतिनिधियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने डॉ. डिमरी के निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि क्षेत्र ने एक संवेदनशील, कर्मठ और कर्तव्यनिष्ठ चिकित्सक को खो दिया है, जिसकी भरपाई करना आसान नहीं होगा। उन्होंने डॉ. डिमरी को मरीजों के प्रति समर्पित, सहज और मानवीय दृष्टिकोण रखने वाला डॉक्टर बताया।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. गुप्ता ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि क्षतिग्रस्त सुरक्षा दीवार गिरने से डॉ. नवीन डिमरी गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उन्हें तत्काल हायर सेंटर भेजा गया, लेकिन रास्ते में ही उनका निधन हो गया। उन्होंने कहा कि डॉ. डिमरी का असामयिक निधन स्वास्थ्य विभाग के लिए अपूरणीय क्षति है।