देहरादून। मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ.बी.वी.आर.सी. पुरुषोत्तम की अध्यक्षता में आज मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में राजनैतिक दलों को EVM-VVPAT की प्रथम स्तरीय जांच (FLC) के प्रस्तावित कार्यक्रम में बारे में जानकारी देते हुए विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया गया।
इसके साथ ही प्रदेश में 12 नवंबर 2026 से शुरु होने वाले विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण 2027 (SSR) के बारे में विस्तृत प्रस्तुतीकरण के साथ जानकारी दी गई। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने राजनैतिक दलों को अवगत कराया कि 23 अक्टूबर से भारत निर्वाचन आयोग की निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार सभी जनपदों में प्रथम स्थरीय जांच (FLC) प्रक्रिया प्रारंभ की जाएगी, जिसमें राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों को शामिल किया जाएगा।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने राजनैतिक दलों को यह भी जानकारी दी कि प्रदेश में 12 अक्टूबर से 20 अक्टूबर तक आयोजित विशेष अभियान के तहत 1 लाख 744 फार्म – 6 के आवेदन प्राप्त हुए हैं। उन्होंने बताया कि आगामी 1 जनवरी 2027 की अर्हता तिथि के आधार पर प्रदेश में 12 नवंबर 2026 से विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण अभियान की शुरुआत की जाएगी। 12 नवंबर को ड्राफ्ट मतदाता सूची का प्रकाशन किया जाएगा। 12 नवंबर 2026 से 11 दिसंबर 2026 तक दावे एवं आपत्तियों को दर्ज करने का समय निर्धारित किया गया है। इसके साथ ही 28 दिसंबर 2026 तक दावे-आपत्तियों की सुनवाई भी की जाएगी। 4 जनवरी 2027 को मतदाता सूची का अन्तिम प्रकाशन किया जाएगा।
राजनैतिक दलों को यह भी बताया गया कि दावों एवं आपत्तियों की पूरी अवधि के दौरान किसी आक्षेपकर्ता के रुप में मतदाता द्वारा अधिकतम 10 फॉर्म-7 आवेदन प्रस्तुत किए जा सकते हैं। मतदाता सूची के सतत अद्यतन की अवधि के दौरान किसी व्यक्तिगत मतदाता द्वारा प्रति माह अधिकतम 5 फॉर्म-7 आवेदन प्रस्तुत किए जा सकते हैं।
बैठक में अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. विजय कुमार जोगदंडे, संयुक्त मुख्य निर्वाचन अधिकारी प्रकाश चन्द्र दुम्का, उप मुख्य निर्वाचन अधिकारी किशन सिंह नेगी, सहायक मुख्य निर्वाचन अधिकारी मस्तू दास सहित भारतीय जनता पार्टी से राजकुमार पुरोहित, इंडियन नेशनल कांग्रेस से अमेंद्र बिष्ट, बीएसपी से सतेंद्र चोपड़ा, आम आदमी पार्टी से श्याम बाबू पांडेय, सीपीआई (एम) अनंत आकाश उपस्थित रहे।

