देहरादून में सड़क कटिंग पर नगर निगम सख्त, सूचना बोर्ड और सुरक्षा व्यवस्था अनिवार्य

देहरादून। नगर निगम देहरादून क्षेत्र में विभिन्न विभागों, कार्यदायी संस्थाओं एवं निर्माण इकाइयों द्वारा पेयजल, सीवर, विद्युत, दूरसंचार, गैस, सड़क सहित अन्य आवश्यक नागरिक सेवाओं एवं विकास कार्यों के लिए की जाने वाली सड़क कटिंग और खुदाई को लेकर नगर निगम ने सख्त निर्देश जारी किए हैं। नगर आयुक्त आलोक कुमार पांडेय ने जनहित, आमजन की सुरक्षा, कार्यों में पारदर्शिता तथा सड़कों की समयबद्ध पुनर्स्थापना सुनिश्चित करने के लिए संबंधित विभागों, कार्यदायी संस्थाओं, निर्माण इकाइयों एवं ठेकेदारों को सड़क कटिंग और खुदाई के दौरान निर्धारित मानकों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए हैं।

नगर निगम को विभिन्न क्षेत्रों से लगातार यह शिकायत प्राप्त होती रही है कि सड़क कटिंग अथवा खुदाई के दौरान संबंधित विभाग या कार्यदायी संस्था की जानकारी, कार्य की अवधि तथा संपर्क अधिकारी का विवरण मौके पर प्रदर्शित नहीं किया जाता। इसके कारण स्थानीय नागरिकों एवं जनप्रतिनिधियों को कार्य से संबंधित जानकारी प्राप्त करने में कठिनाई होती है, वहीं यातायात और आमजन के आवागमन पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। इसे गंभीरता से लेते हुए नगर आयुक्त आलोक कुमार पांडेय ने स्पष्ट किया है कि सड़क कटिंग अथवा खुदाई का कार्य शुरू करने से पहले संबंधित विभाग या कार्यदायी संस्था को मौके पर स्पष्ट और बड़े आकार का सूचना बोर्ड लगाना अनिवार्य होगा। बोर्ड पर संबंधित विभाग या संस्था का नाम, किए जा रहे कार्य का विवरण, परियोजना अथवा कार्य की स्वीकृति का विवरण, कार्य प्रारम्भ होने की तिथि, निर्धारित पूर्णता तिथि, संबंधित अधिकारी एवं ठेकेदार या संस्था के प्रतिनिधि का नाम और मोबाइल नंबर तथा आवश्यकता के अनुसार सड़क पुनर्स्थापना की अपेक्षित तिथि अंकित करनी होगी।

नगर आयुक्त ने सड़क कटिंग और खुदाई वाले स्थानों पर आमजन एवं वाहन चालकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए हैं। इसके तहत कार्यस्थल पर पर्याप्त बैरिकेडिंग, चेतावनी संकेतक, रिफ्लेक्टर, सुरक्षा चिन्ह एवं अन्य आवश्यक सुरक्षा व्यवस्थाएं सुनिश्चित करनी होंगी। खुदाई वाले स्थानों को खुले में नहीं छोड़ा जाएगा तथा पैदल यात्रियों के लिए सुरक्षित मार्ग की व्यवस्था करनी होगी। यातायात प्रभावित होने की स्थिति में आवश्यक वैकल्पिक व्यवस्था भी संबंधित विभाग या कार्यदायी संस्था को करनी होगी।