नई दिल्ली: संसद में मंगलवार को लगातार दूसरे दिन मतदाता सूचियों की विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया पर चर्चा कराने की मांग पर विपक्ष के हंगामे के बीच कोई कामकाज नहीं हुआ और सदन की कार्यवाही दिनभर के लिए स्थगित कर दी गई गई। हालांकि इसके बाद लोकसभा स्पीकर ओम बिड़ला ने सत्तापक्ष और विपक्ष के नेताओं की बैठक बुलाई, जिसमें सरकार एसआईआर पर चर्चा को तैयार हो गई। लोकसभा स्पीकर ओम बिड़ला से मुलाकात के बाद कांग्रेस नेता के सुरेश ने बताया कि नौ दिसंबर को इलेक्टोरल रिफाम्र्स यानी चुनावी सुधारों पर 10 घंटे बहस होगी। यह बहस दस दिसंबर को भी जारी रहेगी। साथ ही उन्होंने कहा कि इससे एक दिन पहले आठ दिसंबर को वंदे मातरम् पर चर्चा होगी।
इसके लिए भी 10 घंटे का समय तय किया गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बहस की शुरुआत करेंगे। वंदे मातरम् के 150 साल पूरे होने पर सरकार सदन में इस पर चर्चा करा रही है। बता दें कि शीतकालीन सत्र के पहले दो दिन हंगामे की वजह से सदन का कामकाज प्रभावित हुआ। विपक्ष एसआईआर और वोट चोरी के आरोप पर फौरन चर्चा की मांग पर अड़ा था। कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खडग़े ने राज्य सभा में कहा कि एसआईआर के प्रोसेस के दौरान 12-13 लोगों की जान जा चुकी है। ये अर्जेंट मैटर है। फौरन चर्चा होनी चाहिए। इसी मांग को लेकर विपक्ष ने दोनों सदनों की कार्यवाही चलने नहीं दी और वोट चोर- गद्दी छोड़ के नारे लगाए। इसके बाद लोकसभा स्पीकर ओम बिड़ला ने दोनों पक्षों को अपने मीटिंग रूम में बुलाया था। यहां सहमति बनी कि बुधवार से सदन बिना किसी हंगामे के चलेगा।
